Breaking News

दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के अंतर्गत आदेश, जनपद आजमगढ़ की सम्पूर्ण सीमा के अन्तर्गत लागू।

आज़मगढ़।

रिपोर्ट: गौरव सिंह राठौर

आजमगढ 29 अप्रैल-- अपर जिला मजिस्ट्रेट प्रशासन अनिल कुमार मिश्र ने बताया की जनपद में दिनांक 29 अप्रैल 2022 को जमात-उल - विदा (अलविदा जुमा) तथा चन्द्रदर्शन के अनुसार दिनांक 03 मई 2022 को ईद-उल-फित्र का त्योहार तथा दिनांक 03 मई 2022 को ही परशुराम जयंती एवं अक्षय तृतीया का त्योहार, 09 मई 2022 को महाराणा प्रताप की जयंती एवं 16 मई 2022 को बुध पूर्णिमा का त्योहार मनाया जाना है। वर्तमान में जनपद में डीएलएड (बीटीसी) की सेमेस्टर परीक्षायें एवं पूर्वाचल विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों में वार्षिक परीक्षायें भी संचालित हैं।
उन्होंने कहा कि धरना-प्रदर्शनों/ जुलूसो/आन्दोलनों/सार्वजनिक कार्यक्रमों आदि के सम्बन्ध में दिये गये महत्वपूर्ण दिशा निर्देशों का भी कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाना है। विश्वस्त सूत्रों से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर यह समाधान हो गया है कि कुछ असामाजिक, अवांछनीय, शरारती व समाज विधी तत्व आसन्न त्योहारों व अन्य विविध आयोजनों के समय असामाजिक एवं समाज विरोधी गतिविधियों द्वारा शांति भंग करने का प्रयास कर सकते हैं। जनपद में शांति व्यवस्था बनाये रखने हेतु उपरोक्त असामाजिक एवं शरारती तत्वों के विरूद्ध निवारक कार्यवाही की त्वरित आवश्यकता हो गयी है। इस हेतु अन्य उपचार सीधे उपलब्ध न होने की दशा में दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के अंतर्गत आदेश प्रसारित करने के प्रयाप्त आधार हैं। 
अपर जिला मजिस्ट्रेट (प्रशासन) ने  दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग कर पूर्व में हुये आदेश को अवक्रमित करते हुये आदेश पारित किया है, जो आज की तिथि से तात्कालिक प्रभाव से जनपद आजमगढ़ की सम्पूर्ण सीमा के अन्तर्गत लागू होगा l
उन्होंने कहा की समस्त प्रभारी निरीक्षक/थानाध्यक्ष अपने-अपने थाना क्षेत्र के अन्तर्गत आदेश का प्रभावी माध्यमों के द्वारा व्यापक प्रचार-प्रसार करायेंगे। समस्त उप जिला मजिस्ट्रेट को अपने-अपने क्षेत्रांतर्गत आदेश का अनुपालन सुनिश्चित कराये जाने हेतु तथा अवहेलना का संज्ञान लेकर यथावश्यक कार्यवाही सुनिश्चित किये जाने हेतु अधिकृत किया गया है।
चूंकि उपरोक्त आदेश को तत्कालिक प्रभाव से पारित करने की आवश्यकता है और समय की कमी है। अतः यह आदेश एकपक्षीय रूप से पारित किये जा रहे है, यदि कोई व्यक्ति इस आदेश के सम्बन्ध में आवेदन करना चाहे या छूट या शिथिलता चाहे तो वह जिला मजिस्ट्रेट, अपर जिला मजिस्ट्रेट प्रशासन या सम्बन्धित उप जिला मजिस्ट्रेट के समक्ष आवेदन कर सकता है, जिस पर सम्यक् सुनवाई/ विचारोपरात आवेदन के सम्बन्ध में समुचित आदेश पारित किये जा सकेंगे। इस आदेश का उल्लघन विभिन्न अधिनियमों में दिये गये प्राविधानों के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध के साथ-साथ भारतीय दण्ड संहिता की धारा-188 के अन्तर्गत भी दण्डनीय अपराध होगा। यह आदेश दिनांक 19 मई 2022 तक अथवा शासन से इस सम्बंध में कोई अन्य निर्देश प्राप्त होने तक जो भी पहले हो, प्रभावी रहेगा।

और नया पुराने