चंदौली।
रिपोर्ट: ओपी श्रीवास्तव
चंदौली। जनपद चंदौली के नौगढ़ थाना क्षेत्र के तेंदुआ गांव में टीकाकरण करने पहुंची एएनएम के इंजेक्शन लगाने के कुछ घण्टे बाद एक मासूम बालिका की हालत खराब हो गई। आनन-फानन में परिजन एम्बुलेंस की सहायता से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नौगढ़ में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान रात्रि में बालिका ने दम तोड़ दिया। परिजनों ने टीकाकरण में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया। परिजनों ने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई।
बता दें कि विशेष टीकाकरण अभियान के दौरान तेंदुआ गांव में छोटे बच्चों को पेंटा, आईजीएम व बीसीजी का टीका लगाने के लिए प्राथमिक विद्यालय पर एएनएम सुनीता केशरी पहुंची थीं। 11 बच्चों समेत संगीता देवी नामक महिला की चार माह की अबोध नंदनी नाम की बालिका को पेंटा का इंजेक्शन लगाने के साथ रितावाईटर का घोल भी पिलाया गया था। कुछ समय पश्चात बालिका को तेज बुखार के साथ सांस उल्टी चलने लगी जिसपर परिजनों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान बालिका ने दम तोड़ दिया। अबोध बालिका की मौत से नाराज परिजनों ने इंजेक्शन लगाने से बालिका की मौत होने का आरोप लगाते हुए धरने पर बैठ गए।
इस बाबत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्साधीक्षक अवधेश सिंह पटेल ने बताया कि 11 अन्य बच्चों को जो वैक्सीन बालिका को लगाई गई थी, वही लगी थी। सभी बच्चे स्वस्थ हैं। प्रथम दृष्टया कोई गड़बड़ी नही मिली है। बालिका की मौत बुखार व ठंड लगने के कारण हुई है।