आज़मगढ़।
रिपोर्ट: वीर सिंह
आजमगढ़ 19 अगस्त-- जिलाधिकारी राजेश कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार मे मनरेगा व गरीब कल्याण रोजगार योजना के अन्तर्गत किये जा रहे निर्माण कार्याें की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई।
विभिन्न विकास खण्डों में 760 पंचायत भवन बनाये जाने हैं, जिसके सापेक्ष 560 पंचायत भवन बनाने के लिए जमीन का चिन्हिकरण कर लिया गया है। मनरेगा के अन्तर्गत बन रहे पंचायत भवन की समीक्षा में विकास खण्ड तहबरपुर में 38 पंचायत भवन बनाने के सापेक्ष सिर्फ 24 जगहों का चिन्हांकन किया गया है एवं 24 जगहों की तकनीकी स्वीकृति की गयी तथा मनरेगा के अन्तर्गत एक भी आईडी जनरेट नही की गयी है। विकास खण्ड बिलरियागंज में 62 पंचायत भवन बनाये जाने के सापेक्ष केवल 12 जगहों का चिन्हांकन किया गया है एवं 04 जगहों की तकनीकी स्वीकृति की गयी तथा मनरेगा के अन्तर्गत एक भी आईडी जनरेट नही की गयी है। जिस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए एडीओ पंचायत बिलरियागंज के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने के लिए मुख्य विकास अधिकारी को निर्देश दिये।
इसी के साथ ही जिलाधिकारी ने समस्त खण्ड विकास अधिकारियों को निर्देश दिये कि आवंटित पंचायत भवनों के लक्ष्य के सापेक्ष पंचायत भवन बनाने के लिए जगहों का चिन्हांकन, तकनीकी स्वीकृति व मनरेगा के अन्तर्गत उसका जल्द से जल्द आईडी जनरेट कराना सुनिश्चित करें एवं जिन पंचायत भवनों के लिए जगह को चिन्हित किया गया है, उनका तकनीकी स्वीकृति जल्द से जल्द करायें, एवं जिन पंचायत भवनों की तकनीकी स्वीकृति हो गयी है, उन पंचायत भवनों का निर्माण कार्य प्रारम्भ करायें, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नही है।
सामुदायिक शौचायल निर्माण की समीक्षा में समस्त विकास खण्डों में 1196 सामुदायिक शौचालय निर्माणाधीन हैं, डीपीआरओ द्वारा बताया गया कि 700 सामुदायिक शौचालय का निर्माण जल्द ही पूर्ण कर लिया जायेगा। जिस पर जिलाधिकारी ने डीपीआरओ को निर्देश दिये कि निर्माणाधीन सामुदायिक शौचालयों को शत प्रतिशत पूर्ण कराना सुनिश्चित करें। इसी के साथ ही जिलाधिकारी ने डीपीआरओ यह भी निर्देश दिये कि अभी भी जिन विकास खण्डों में शौचालयों की जीओ टैगिंग अपूर्ण है, उन शौचालयों का जीओ टैगिंग शत प्रतिशत पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
जिलाधिकारी ने समस्त खण्ड विकास अधिकारियों को निर्देश दिये कि आपके संबंधित क्षेत्रों में जितने भी गोवंश आश्रय स्थल हैं, उनका निरीक्षण करें और यह सुनिश्चित करें कि पशुओं के रहने के लिए शेड, पशुओं के लिए भूसा, हरा चारा, पानी उपलब्ध है। उन्होने यह भी कहा कि कोई भी पशु भूख से नही मरना चाहिए।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी आनन्द कुमार शुक्ला, डीसी मनरेगा बीबी सिंह, डीपीआरओ लाल दूबे, समस्त खण्ड विकास अधिकारी सहित एडीओ पंचायत उपस्थित रहे।