आज़मगढ़।
रिपोर्ट: वीर सिंह
थाना- जीयनपुर
दस चोरी की बाइक और छः बाइक के पूर्ण पार्ट बरामद।
कट्टा सहित भेजे गए जेल तीन फरार।
आजमगढ़: जीयनपुर कोतवाली पुलिस को सोमवार को बड़ी कामयाबी मिली। जब पुलिस सोमवार को सुबह लगभग 6:30 बजे मेघई खास गांव के समीप नहर पुलिया पर चेकिंग कर रही थी कि उसी दौरान दो बाइक से तीन लोग जाते दिखे जब जब पुलिस ने उन्हें रोका तो पुलिस पर फायर करते हुए भागने का प्रयास करने लगे पुलिस ने दोनों को दौड़ाकर घेर कर पकड़ लिया और कड़ाई से वही पर पूछताछ की तो अन्य बाइक चोरी की जानकारी तीनो चोरो ने बताई ।तीनो को पुलिस कोतवाली ले आई। जब उनसे पूछताछ की गई तो उनके पास से उनकी निशानदेही पर 8 मोटरसाइकिल अन्य जगहों से बरामद की गई ।और मोटरसाइकिल के पूर्ण रूप से निर्मित पार्ट जिसमें साकर इंजन रिंग टायर आदि बरामद किया गया ।
वही जब पुलिस गश्त पर थी तो सुबह पुलिस को मुखबिर द्वारा सूचना मिली की दो मोटरसाइकिल पर तीन लोग सवार होकर जा रहे हैं जिस पर पुलिस ने पहले से घेराबंदी किए हुए थी अचानक पुलिस को देख कर फायर झुकने लगे जिस पर पुलिस ने दौड़ाकर तीनों को पकड़ लिया जब उनसे पूछताछ की गई तो उन्होंने अपना नाम पता पूरा बकायदा बताया एवं घर पर चोरी की बाइक छिपाकर अलग-अलग स्थानों पर रखा गया था जिसे निशानदेही पर बरामद कर लिया गया और तीनों शातिर चोरों को जेल भेज दिया गया जबकि 3 अन्य फरार हैं जिनकी तलाश में पुलिस कई जगह छापेमारी कर चुकी है।फरार अभियुक्तों में मनीष यादव पुत्र दरोगा निवासी मंडया थाना मोहम्मदाबाद गोहना जनपद मऊ का रहने वाला है दूसरा पंकज यादव पुत्र जय नाथ यादव निवासी मड़या थाना मोहम्मदाबाद गोहना जनपद मऊ एवं सोनू चौहान पुत्र विजय चौहान निवासी महावतगढ़ थाना जीयनपुर अभी भी फरार चल रहा है ।
वहीं दूसरी तरफ पुलिस ने शिवशिगार चौहान पुत्र रामकरन चौहान निवासी उमरी शेखपुर थाना जीयनपुर, विवेक चौहान पुत्र चंद्रभान चौहान निवासी महावत गढ़ थाना जीयनपुर विजय चौहान उनके पास से 315 बोर का कट्टा व 1 जिंदा कारतूस बरामद किया है।संबंधित धाराओं में तीनों को जेल भेज दिया गया है।इस संबंध में जीयनपुर कोतवाल हेमेंद्र सिंह ने बताया कि तीनों शातिर चोर हैं।उन्ही के 3 साथी अभी भी फरार हैं जिसके लिए दबिश दी जा रही है इनके पास से कुल 10 मोटरसाइकिल एवं 6 मोटरसाइकिल के पूर्व रूप से मोटर पार्ट्स बरामद किए गए हैं।बरामद करने वालों में एसएसआई केसर यादव एसआई चंद्रशेखर यादव एसआई भगत सिंह एवं कई महिला पुलिसकर्मी शामिल थी।
