इटावा।
इटावा। ज़िला जेल एक बार फिर आया सवालों के घेरे में औरैया निवासी एक कैदी ने लगाई फांसी, घर वालो ने जेल प्रशासन पर मारपीट कर हत्या करने का लगाया आरोप इटावा ज़िला जेल से विवादों का नाम थमने का नाम नही ले रहा है नया मामला कल रात का बताया जा रहा है जब जेल प्रशासन के अनुसार रात 11 बजे बेरिक के बाहर लगाई फांसी वही सवाल यह उठता है कि जब 6 बजे बेरिक में सारे कैदी बंद कर दिए जाते तो फिर रात में यह कैदी बेरिक से बाहर कैसे आया???
वही शव लेने के लिए परिजन सुबह से काट रहे चक्कर नही दी जा रही है मृतक के बारे में सूचना, वही घरवालों ने एक और बढ़ा आरोप लगाया कि उनके बच्चे की उम्र आधार कार्ड के मुताबिक मात्र 15 साल की है फिर कैसे इसको बच्चो वाले जेल की बजाय ज़िला जेल भेज दिया गया,
घर वालो ने जेल प्रशासन पर पैसे के लेनदेन को लेकर मारपीट कर जान से मार देने का लगाया आरोप।
औरैया जिले के रहने वाला नौजवान पंकज 14 दिन पहले ज़िला जेल में छेड़खानी के मामले में इटावा ज़िला जेल भेजा गया था, कल रात 2 बजे पंकज के घर वालो को सूचना दी जाती है कि उनके बेटे ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है सूचना पर जिला जेल पहुँचे पंकज के परिजनों के जेल प्रशासन पर लगाये गंभीर आरोप पंकज के पिता अनिल ने बताया कि कल दोपहर में उन्हें बताया गया था कि बेटे की तबियत सही नही है खर्चा पानी लेकर जेल आ जाओ फिर रात में आत्महत्या की खबर दी जाती है जब सुबह औरैया से परिजन पहुचते है तो उनसे कोई भी जेल प्रशासन का अधिकारी मिलने नही आता और न ही यह जानकारी दी जाती है कि बेटे का शव आखिर है कहां वही पंकज के पिता ने पंकज का आधार कार्ड दिखा कर बताया जिसमे पंकज की जन्मतिथि 2004 लिखी हुई है जिसके आधार पर पंकज अभी मात्र 16 वर्ष का हुआ है फिर उसे बच्चा जेल की बजाय ज़िला जेल में क्यों रखा गया जहां खूंखार सजायाफ्ता कैदी सज़ा काट रहे है वही जब इस बारे में जेल अधीक्षक राज किशोर सिंह ने कैमरे पर कुछ भी बोलने से मना कर दिया फिर भी जेलर मीडिया के सवालों से बचते नज़र आये और जांच की बात कहकर चलते नज़र आये इससे पहले भी कुछ महीनों पहले जेल के अंदर एक कैदी की मारपीट से मौत हो चुकी है तो वही जेल 2 कैदी फरार भी हो चुके है जिनकी अभी तक कोई जानकारी नही मिल सकी है
रिपोर्ट- मोहम्मद अज़हर आदिल ( इटावा )