आज़मगढ़।
रिपोर्ट: गौरव सिंह राठौर
आज़मगढ़: सगड़ी तहसील क्षेत्र में अजमतगढ़ के ताल सलोना का अस्तित्व आये दिन खतरे में पड़ता नजर आ रहा है जल ही जीवन है, चाहे वह तालाब हो या पोखरा। उनका पानी जीवनदायक होता है। मगर यहां एक तालाब खुद जीवन मांग रहा है। अजमतगढ़ का प्रसिद्ध ताल सलोना कहने को हजारो साल पुराना है, लेकिन जलकुंभी व गंदगी की भेंट चढ़ा तालाब अब 'वेंटीलेटर' पर आखिरी सांसें ले रहा है। प्रशासन की लापरवाही एवं तालाब का उचित संरक्षण ना होने की वजह से अनेको लोग की डूबकर तालाब में मौत हो चुकी है। इस तालाब में अजमतगढ़ का सारा पानी और आसपास की ग्राम पंचायत का सारा पानी जाता है और क्षेत्र के सैकड़ों परिवार की जीविका इसी तालाब पर निर्भर है। अजमतगढ़ के मछुआरों बरसों से इसी तालाब में मछली मार कर अपना जीवन यापन करते हैं।